चलो अब दूर चलें ,
होने अब हम बे नूर चलें ।
रंग रोगन को हम भी छोडेंगे ,
अलविदा कहने से पहले दूर चलें ।
आओ अंधेरे को हम भी ढूँढेंगे ,
चिराग हाथ मैं लिए बहुत दूर चलें ।
चिराग बुझ ना सके की अँधेरा मिल जाएगा ,
चलो ज़ख्म को बनाने नासूर चलें ।
किसी कोने मैं चल के बैठेंगे ,
किसी आहट से सहमे बैठेंगे ।
सबको भुलाने बदस्तूर चलें ,
चलो अब दूर बहुत दूर चलें ।
चलो के चल के ही मिट जायेंगे ,
कभी रुक ना जाना की थक जायेंगे ।
वापस ना तेरे घर ना मेरे घर जायेंगे ,
कोई ना दिखे इतने दूर चलें ।
चलो अब दूर चलें
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